ब्रेकिंग

278 बूथों पर 40 हजार बच्चों को पिलाई जाएंगी दवाई,46 टीम की गए गठित

युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्याम टेलर ने मां अमका झमका माता एवं महाराव बख्तावर सिंह का किया पूजन

सरदारपुर विधानसभा क्षैत्र मे 6 नए चिकित्सको की पदस्थापना के आदेश जारी,MLA ग्रेवाल ने विधानसभा मे रखी थी मांग

जन संघ के नेता के निधन पर केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर ने शोक संवेदना व्यक्त की

TET परीक्षा निरस्त करने की मांग को लेकर शिक्षक कांग्रेस संगठन 16 जून को PM के नाम सौंपेगा ज्ञापन

सूचना

: माथुर के लेख से तत्कालीन सरकारो की नीतियो पर प्रभाव पड़ता था, प्रधानमंत्री राजीव गांधी भी उनसे राय लेते थे- दत्तीगांव

Admin

Wed, Apr 9, 2025

बदनावर ।स्वर्गीय राजेंद्र माथुर आजाद भारत के महान पत्रकार लेखक, चिंतक व विचारक थे। उनके लेख जागृत करने वाले थे, उनके लेख से तत्कालीन सरकारों की नीतियों पर भी प्रभाव पड़ता था यह बदनावर के लिए गर्व की बात है । तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी उनकी नीतियों से प्रभावित होकर उनसे राय लेते थे। उनकी कही हुई हर एक बात में तर्क छिपा हुआ होता था। उनके निष्पक्ष निर्भीक और दबाव से मुक्त पत्रकारिता का सभी पत्रकारों को अनुसरण करना चाहिए। श्री माथुर सजग एवं निर्भीक पत्रकार थे वे बदनावर की पहचान है। उन्होने अपनी पत्रकारिता दलगत और किसी व्यक्ति विशेष की जय जयकार के लिए नही की थी बल्कि उनकी पत्रकारिता राष्ट्र निर्माण के लिए थी। उक्त प्रेरक बातें बदनावर में पूर्व उद्योग मंत्री राजवर्धन सिंह दत्तीगांव ने पत्रकार संघ के संयुक्त तत्वावधान में देश की हिंदी पत्रकारिता के सर्वश्रेष्ठ संपादक राजेंद्र माथुर की 34 वी पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में कही। प्रारम्भ में अतिथियों एवं विभिन्न पत्रकार संगठनों के पत्रकारों ने स्व. माथुर की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। बदनावर में स्थापित प्रतिमा के प्रदाता व धार जिला पत्रकार संघ अध्यक्ष पंडित छोटू शास्त्री ने कहा की बदनावर को देश एवं दुनिया में पहचान दिलाने वाले स्वर्गीय राजेंद्र माथुर केवल पत्रकार नहीं थे वह विचारक थे। माथुर ने अपने विचार जन जन तक पहुंचा कर व्यक्ति की बजाय विचारों को महत्व दिया, पर बदनावर एवं मालवा से उनका विशेष लगाव था। जब भी मालवा के लोग उनसे मिलने दिल्ली जाते, मालवी भाषा में बात करते थे उनके अंदर बदनावर की मिट्टी की खुशबू थी। उनकी पुण्यतिथि पर उनके व्यक्तित्व एवं जीवन से जुड़ी जानकारी साझा करने के लिए, फोटो प्रदर्शनी लगाई जाएगी। फोटो प्रदर्शनी से बदनावर को उन्हें जानने का मौका मिलेगा, उन्होंने पत्रकारिता को जिया एवं पत्रकारिता में ही उनका समावेश हो गया है। प्रेस क्लब अध्यक्ष धर्मेंद्र अग्निहोत्री ने कहा कि बदनावर की पत्रकारिता के पितृ पुरुष स्वर्गीय राजेंद्र माथुर का नाम आज पूरे भारत में सम्मान से लिया जाता है। जहां भी जाते हैं बदनावर का नाम बताते ही, हमारे सम्मान में वृद्धि हो जाती है। और सब कहते हे स्व राजेंद्र माथुर के बदनावर आए हो, उस समय गर्व से सीना ऊंचा हो जाता है। उनके नीतिगत पत्रकारिता के कारण बदनावर का नाम सम्मान से लिया जाता है। इसके साथ नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि शेखर यादव, दिनेश गिरवाल ने संबोधित किया। संचालन जितेंद्र चौधरी ने किया आभार तहसील पत्रकार संघ अध्यक्ष गोवर्धन सिंह डोडिया ने माना। *बदनावर में स्थापित राजेंद्र माथुर की गृह जिले में पहली व प्रदेश की दूसरी प्रतिमा है* मूर्धन्य पत्रकार राजेंद्र माथुर का जन्म बदनावर में हुआ था देश की हिंदी पत्रकारिता के सिरमौर रहे स्व राजेंद्र माथुर की मध्यप्रदेश में दो स्थानों पर प्रतिमाऐं है. प्रदेश की पहली प्रतिमा इंदौर व दूसरी प्रतिमा बदनावर में बीते तीन माह पूर्व ही स्थापित हुई है प्रतिमा स्थापना के बाद यह पहला अवसर है ज़ब बदनावर के पत्रकारों ने स्व. माथुर की 34 वी पुण्यतिथि के अवसर पर उनकी प्रतिमा पऱ माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। ईस मौके पर प्रेस क्लब अध्यक्ष पुरुषोत्तम शर्मा, जिला पत्रकार संघ सचिव दिलीप सिंह चौहान, महेश पाटीदार, नितिन सांखला, रमेश धबाइ, विनय पाटीदार, मनीष शर्मा, तहसील पत्रकार संघ संरक्षक पंकज गुजराती, दीपक गिरी गोस्वामी,राहुल बैरागी, पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष प्रेमचंद परमार,मनोज सोलंकी पोप सिंह राठौर, डॉ गोपाल सिंह ठाकुर, आनंद अग्निहोत्री, विक्की राजपुरोहित, अनूप जायसवाल, शरीफ गोनावद सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं पत्रकार मौजूद थे।

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें