ब्रेकिंग

नगर केमिस्ट एसोसिएशन का हुआ गठन, जाट अध्यक्ष,मारू बने सचिव

सरदारपुर में जनगणना अन्तर्गत मकान सूचीकरण का कार्य हुआ प्रारंभ, प्रगणकों के द्वारा तैयार किया जा रहा है मैप

तहसील विधिक सेवा समिति द्वारा श्रम दिवस पर विधिक साक्षरता शिविर का किया आयोजन

पिकअप हादसे मे मृत ग्रामीणो के परिजनो को विधायक ग्रेवाल देंगे 25-25 हजार की सहायता

भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीमद्भागवत कथा का हुआ शुभारंभ

सूचना

विधायक ग्रेवाल ने CM को लिखा पत्र : किसानो को प्याज एवं लहसून का वाजिब दाम प्रदान करे सरकार - विधायक ग्रेवाल

Bakhtavar Express

Fri, Jul 25, 2025

सरदारपुर विधायक प्रताप ग्रेवाल ने प्रदेश के किसानो के हित मे शुक्रवार को मुख्यमंत्री डाॅ.मोहन यादव को पत्र लिखकर प्रदेश के लाखो किसान परिवारों के व्यापक हित को देखते हुए प्रत्येक तहसील मुख्यालय पर प्याज एवं लहसून के लिए सरकारी खरीदी केन्द्र प्रारंभ करने की मांग रखी। पत्र के माध्यम से बताया गया है कि प्रदेश प्याज और लहसुन के उत्पादन में देश में अपना प्रशंसनीय स्थान रखता है। काफी मात्रा में किसान प्रदेश की भूमि और जलवायु की उपयोगिता अनुसार प्याज और लहसुन का उत्पादन करते हैं। प्रदेश में 2024-25 में 2.5 लाख हेक्टेयर जमीन पर प्याज बोया गया तथा 54.42 लाख मेट्रिक टन उत्पादन हुआ। औसत उत्पादन प्रति हेक्टेयर 24.49 मेट्रिक टन हुआ। इसी प्रकार 2.07 लाख हेक्टेयर पर लहसुन बोई गई। 21.38 लाख मेट्रिक टन उत्पादन हुआ तथा औसत उत्पादन 10.33 मे. टन प्रति हेक्टेयर है। प्याज और लहसुन के निर्यात पर बंदिश के कारण वर्तमान में इसके भाव जमीन पर आ गए हैं। और किसानों को भारी मात्रा में नुकसान हो रहा है। एक बीघा जमीन में प्याज उत्पादन के सारे खर्चे मिलाकर 50000 से 60000 रूपये आता है। आज प्रदेश की मंडियों में प्याज 6 से लेकर 12 रूपये प्रति किलो के भाव से बिका है। एक बीघा में औसतन 30 से 40 क्विंटल प्याज होता है। एक बीघा के प्याज में ही 15000 से 20000 रूपये का नुकसान हो रहा है।

यही हाल लहसुन में है। आज प्रदेश की मंडी में लहसुन 2000‌ से 4000 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से बिका है। एक बीघा लहसुन की खेती में 80000 से 90000 रूपये लगभग खर्च आता है तथा एक बीघा में उत्पादन 12 से 20 क्विंटल होता है। याने लागत का आधा भी नहीं मिल रहा है। जब 2017-18 के दौरान प्याज और लहसुन के भाव में इसी प्रकार की गिरावट हुई थी तथा किसानों को बेतहाशा‌ हानि हो रही थी। तब शासन ने प्याज और लहसुन की खरीदी करके किसानों को राहत प्रदान की थी। इस प्रकार की राहत देने का समय आ गया है। इसलिए प्रदेश के लाखो किसान परिवारों के व्यापक हित को देखते हुए प्रत्येक तहसील मुख्यालय पर प्याज एवं लहसून हेतु सरकारी खरीदी केन्द्र प्रारंभ किया जाए। यह जानकारी विधायक कार्यालय से विष्णु चोधरी द्वारा दी गई।

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें